Electricity अधिकारी, कर्मचारी, निजीकरण एवं अन्य मांगों पर निर्णायक लड़ाई के लिए तैयार

Electricity

Electricity अधिकारी कर्मचारी Electricity निजीकरण एव अन्य मांगों के लिए निर्णायक लड़ाई के लिए तैयार। MP यूनाइटेड फोरम की प्रदेश कार्यकारिणी की बैठक में लिया निर्णय। चरणबद्ध आंदोलन एवं कार्य बहिष्कार की घोषणा।

निरंतर पत्राचार के बावजूद भी शासन एव कम्पनी प्रबंधन के द्वारा चर्चा न करने एवं उपेक्षा से आक्रोशित Electricity अधिकारी कर्मचारी आंदोलन के लिए बाध्य।

इंदौर. यूनाइटेड फोरम फ़ॉर पावर एंप्लॉइज एवं इंजीनियर्स की प्रदेश कार्यकरिणी की बैठक मे प्रदेश संयोजक श्री V.K.S. परिहार की अध्यक्षता में चरणबद्ध आंदोलन का निर्णय लिया गया। बैठक में बड़ी संख्या में सभी वर्गों नियमित,

बोर्ड केडर, कंपनी केडर, संविदा कर्मी एवं बिजली आउटसोर्स कर्मचारी के प्रतिनिधि एवं संगठनों के पदाधिकारी शामिल थे। प्रान्तीय संयोजक श्री व्ही के एस परिहार ने बताया कि सरकार द्वारा लाये जा रहे विधुत संसोधन अधिनियम 2021 के विरोध,

एवं विधुत अधिकारी कर्मचारियों की मांगों के निराकरण हेतु एमपी यूनाइटेड फोरम फ़ॉर पावर एंप्लॉइज एवं इंजीनियर्स के द्वारा ऑलइंडिया पावर एंप्लॉय एंड इंजीनियर्स कॉर्डिनेशन कमेटी के आव्हान को शामिल करते हुए राज्य स्तर पर निम्नानुसार आंदोलन कार्यक्रम घोषित किया गया है

1) दिनांक 19 जुलाई 2 घण्टे, शाम 4 से 6 बजे कार्य बहिष्कार,

2) दिनांक 10 अगस्त एक दिवसीय कार्य बहिष्कार,

3) दिनांक 24 अगस्त से 26 अगस्त तक तीन दिवसीय कार्य बहिष्कार,

4) 6 सितंबर से अनिश्चित कालीन कार्य बहिष्कार

विधुत अधिकारी कर्मचारियों की लंबित मांगों के निराकरण हेतु 8 जून को एमपी यूनाइटेड फोरम के प्रतिनिधि मंडल को म.प्र.शासन के ऊर्जा मंत्री प्रद्युमन सिंह तोमर द्वारा 15 जुलाई तक मांगो के निराकरण हेतु आश्वाशन के बाद भी सकारात्मक निराकरण,

न होने एवं निरंतर पत्राचार के बाद भी शासन एव कम्पनी प्रबंधन के द्वारा सार्थक चर्चा न करने एवं उपेक्षा से विधुत अधिकारी कर्मचारियो में असंतोष गहरा गया है। वर्चुअल बैठक में इंदौर से शामिल फोरम प्रांतीय सहसचिव प्रदीप कुमार द्विवेदी एवं पश्चिम क्षेत्र रीजनल संयोजक,

इं. अखिलेश मंडलोई ने संयुक्त प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए बताया कि सरकार बिजली कर्मियों की जायज मांगों पर हर बार कोरा आश्वासन देती हुई आई है एवं निरंतर उपेक्षा कर उन्हें हड़ताल पर जाने हेतु विवश कर रही है जिसके कारण संपूर्ण प्रदेश में आने वाले महीनों में बिजली संकट खड़ा हो सकता है,

एवं इसके लिए पूरे प्रदेश के बिजली कर्मचारियों ने निर्णायक लड़ाई लड़ने का मन बना लिया है और अब बिजलीकर्मी अपनी समस्त जायज मांगों की पूर्ति तक सरकार या प्रबंधन के किसी भी झांसे में आने वाले नहीं है एवं यह लड़ाई अब मुकाम तक पहुंचाई जाएगी।

इस महत्वपूर्ण बैठक में इंदौर जिला संयोजक धर्मेंद्र पवार, बड़वानी से अवधेश नामदेव, खरगोन से अवधेश शर्मा, बुरहानपुर से नटराज लोंधे, खंडवा से इं. हिमांशु चौहान एवं धार से इं. सुजीत मिश्रा शामिल थे।

यह भी पढें: Pregnancy में इस लक्षण के दिखने का मतलब है, बेटा ही होगा, स्‍टडी में हुआ खुलासा